श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- शहडोल विद्यार्थियों में हिंदी भाषा के प्रति रुचि, जागरूकता और भाषाई दक्षता विकसित करने के उद्देश्य से विश्व रंग फाउंडेशन एवं रवींद्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय द्वारा विश्व हिंदी ओलंपियाड एवं पुस्तक मेले का आयोजन कार्यक्रम परीक्षा केंद्र, AISECT प्रधानमंत्री कौशल केंद्र, शाहडोल में किया गया। प्रतियोगिता में कक्षा 1 से 12वीं तक के विद्यार्थियों के साथ महाविद्यालयीन छात्रों ने भी उत्साहपूर्वक सहभागिता की। आयोजन में 150 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लेकर अपनी भाषाई प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
आईएसेक्ट-विश्व हिंदी ओलंपियाड के माध्यम से विद्यार्थियों की हिंदी भाषा संबंधी समझ, ज्ञान, अभिव्यक्ति क्षमता और दक्षता का आकलन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में हिंदी के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने के साथ उनकी भाषाई प्रतिभा को पहचानना और उसे निखारना रहा।
कार्यक्रम के दौरान हिंदी के बदलते स्वरूप तथा इसके शैक्षणिक, तकनीकी और रोजगारपरक महत्व पर विशेष चर्चा की गई। विद्यार्थियों को बताया गया कि हिंदी के क्षेत्र में लेखन, पत्रकारिता, शिक्षण, अनुवाद, कंटेंट राइटिंग, डिजिटल मीडिया, विज्ञापन और प्रकाशन सहित अनेक क्षेत्रों में करियर की व्यापक संभावनाएं उपलब्ध हैं।
इस अवसर पर आयोजित पुस्तक मेले में विद्यार्थियों और आगंतुकों ने विभिन्न विषयों पर आधारित पुस्तकों का अवलोकन किया। AISECT पब्लिकेशन द्वारा तकनीकी और समकालीन विषयों पर आधारित पुस्तकों को हिंदी में प्रकाशित करने की पहल की जानकारी भी दी गई। विशेष रूप से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence) जैसे उभरते तकनीकी विषयों से संबंधित पुस्तकों को हिंदी में उपलब्ध कराने का उद्देश्य हिंदी भाषी विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक और ज्ञान तक उनकी सहज भाषा में पहुंच प्रदान करना है। इससे विद्यार्थी तकनीकी विषयों को बेहतर ढंग से समझने के साथ बदलते डिजिटल और रोजगारपरक परिवेश के अनुरूप अपनी क्षमताओं का विकास कर सकेंगे।
विश्व हिंदी ओलंपियाड और पुस्तक मेले के आयोजन ने विद्यार्थियों में हिंदी भाषा के प्रति रुचि, आत्मविश्वास और अभिव्यक्ति क्षमता को बढ़ावा देने के साथ उन्हें पुस्तकों, आधुनिक ज्ञान तथा भविष्य की शिक्षा और रोजगार की संभावनाओं से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।













