श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- ओरछा। ओरछा के जंगल में मंगलवार देर शाम लगी भीषण आग ने देर रात तक विकराल रूप धारण कर लिया। आग की शुरुआत हरदौल समाधि के पीछे स्थित जंगल से हुई, जो देखते ही देखते एक बड़े हिस्से में फैल गई। रात के अंधेरे में दूर-दूर तक आग की लपटें और धुएं का गुबार दिखाई दे रहा था, जिससे आसपास के ग्रामीणों और पर्यटकों में दहशत का माहौल बन गया।
बताया जा रहा है कि इलाके में पड़ रही भीषण गर्मी और तेज धूप के कारण जंगल में सूखी घास और पत्तों का अंबार लगा हुआ था। तेज हवाओं ने आग में घी का काम किया, जिससे लपटें तेजी से हरदौल चैटका और गुंदरई सरकड़िया के बीच स्थित घने जंगलों तक पहुंच गईं। मंगलवार की देर रात तक आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका था।
फायर ब्रिगेड को करना पड़ा दिक्कतों का सामना
सूचना मिलते ही दमकल की टीमें मौके पर पहुंच गईं और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। हालांकि जंगल का रास्ता पथरीला और दुर्गम होने के कारण फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को अंदर तक पहुंचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वन विभाग के कर्मचारी और स्थानीय प्रशासन की टीमें भी मौके पर मुस्तैद हैं और आग को फैलने से रोकने के लिए निरंतर प्रयास कर रही हैं।
जीव-जंतुओं और धरोहरों को खतरा
स्थानीय लोगों के अनुसार यदि आग पर जल्द ही पूरी तरह काबू नहीं पाया गया, तो यह जंगल में रहने वाले वन्यजीवों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। इसके साथ ही ओरछा के ऐतिहासिक स्मारकों और नजदीकी रिहाइशी इलाकों के लिए भी यह बड़ा खतरा बन सकती है। फिलहाल अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।











