श्रेया न्यूज़ द्रोपती धुर्वे शहडोल :- अनूपपुरः पांच दिन पहले हाथी ने एक घर में तोड़फोड़ की थी जिससे एक बुजुर्ग गंभीर रूप से घायल हो गया था जिसकी उपचार दौरान मौत हो गई है। दो माह के भीतर हाथियों से ग्रामीणों की मौत का यह दूसरा मामला हो गया है। जानकारी अनुसार 11 एवं 12 फरवरी की मध्य रात जिला मुख्यालय से 3 किलोमीटर दूर ग्राम पंचायत बरबसपुर अंतर्गत हाउसिंग बोर्ड के कपिलधारा कालोनी के पीछे रहने वाले 70 वर्षीय रामविशाल पिता स्व जगना भैना जो कच्चे मकान के अंदर जमीन में सो रहे थे के घर को रात में अचानक एक दांत वाला नर हाथी खाने की तलाश में घर के अंदर रखे धान की बोरियों की सुगंध आने पर दीवार तोड़ने लगा जिससे दीवाल का मलबा घर के अंदर गिरने से समृद्ध रामविशाल दब गया था। इस घटना में गंभीर चोट आने पर जिला चिकित्सालय अनूपपुर में भर्ती कराया जा गया जहां 2 दिन बाद 16 फरवरी सोमवार की सुबह वृद्ध की घर पर मौत हो गई।
घटना की जानकारी मृतक के पुत्र नवल सिंह भैना द्वारा कोतवाली थाना अनूपपुर दिए जाने पर पुलिस के द्वारा पंचनामा एवं शव परीक्षण की कार्रवाई की गई। इस दौरान वन परिक्षेत्र अधिकारी अनूपपुर ने शासन के नियमानुसार मृतक के स्वजनों को प्रारंभिक सहायता राशि दी। इस वर्ष हाथियों के द्वारा अब तक दी लोगों की जान जा चुकी है। जानकारी अनुसार 15 जनवरी को जैतहरी नगर क्षेत्र में तीन हाथियों के झुंड में से एक हाथी द्वारा 80 वर्षीय वृद्ध हंस लाल राठौर पर हमला करके गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था जिनकी जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई थी। हाथियों के उत्पात से जैतहरी जनपद क्षेत्र के ग्रामीण सबसे अधिक प्रभावित हैं।55 दिन इन तीनों हाथियों को जिले में आए हो चुके हैं जो वापस नहीं लौट रहे।रोज शाम होने पर भोजन के लिए गांव में पहुंचकर उत्पात मचा रहे हैं। भी जानी इससे ग्रामीण दहशत में हैं और नुकसान उठा रहे हैं। प्रशासन स्तर पर हाथियों को लेकर जो सतर्कता बरती चाहिए थी उस पर गंभीरता से ध्यान नहीं दिया जा रहा जिससे लगातार घटनाएं हो रही हैं।







