श्रेया न्यूज़ द्रोपती धुर्वे शहडोल :- सागर: सागर जिले के मकरोनिया थाना क्षेत्र के बाग सेमरा में शनिवार शाम एक सनसनीखेज घटना सामने आई। परीक्षा देकर घर लौट रही कक्षा 12वीं की छात्रा पर एक युवक ने कटर से हमला कर दिया। हमले में छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे तत्काल मेडिकल कॉलेज (BMC) में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
पुरानी रंजिश के चलते वारदात
जानकारी के अनुसार सेमराबाग निवासी छात्रा शनिवार को सदर स्थित स्कूल में परीक्षा देने गई थी। परीक्षा समाप्त होने के बाद वह शाम को पैदल घर लौट रही थी। इसी दौरान सदर से बाग सेमरा जाने वाले रास्ते पर टावर के पास बाग सेमरा निवासी नीलेश पटैल ने उसे रोक लिया। बताया जा रहा है कि पुरानी रंजिश के चलते आरोपी ने छात्रा पर कटर से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
हमले में छात्रा के दोनों हाथ, गला, चेहरा और पीठ पर कई गंभीर घाव आए। गंभीर रूप से घायल छात्रा खेत के पास गिर पड़ी और काफी देर तक वहीं पड़ी रही।
राहगीरों ने पहुंचाया अस्पताल
शाम करीब पांच बजे वहां से गुजर रहे लोगों ने आरोपी नीलेश को बाइक से भागते हुए देखा। इसके बाद जब लोगों ने आसपास देखा तो खेत में छात्रा लहूलुहान अवस्था में पड़ी मिली। ग्रामीणों ने उसकी पहचान कर परिजनों को सूचना दी।
सूचना मिलने पर परिजन तुरंत मौके पर पहुंचे और घायल छात्रा को मेडिकल कॉलेज ले गए। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उसकी हालत नाजुक हो गई थी। बीएमसी स्टाफ की मदद से छात्रा को तत्काल ब्लड डोनेट किया गया। डॉक्टरों ने उसकी सर्जरी की, जिसमें उसके शरीर पर सौ से अधिक टांके लगाए गए।
पुलिस ने शुरू की आरोपी की तलाश
घटना की सूचना मिलने के बाद मकरोनिया पुलिस भी मेडिकल कॉलेज पहुंची और छात्रा के पिता तथा ग्रामीणों से पूछताछ की। पुलिस ने आरोपी की पहचान नीलेश पटैल के रूप में की है और उसके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के लिए उसके घर सहित संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।मकरोनिया थाना प्रभारी रावेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आरोपी की तलाश जारी है।
कटरबाजी की बढ़ती घटनाओं से चिंता
शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में कटर से हमलों की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। हाल ही में कोतवाली थाना क्षेत्र के पुरब्याऊ इलाके में भी नाबालिगों ने घर में घुसकर दंपति पर कटर से हमला किया था, जिसमें पति की मौत हो गई थी। पुलिस कार्रवाई के बावजूद ऐसी घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं।










