शैली पांडेय शहडोल मध्य प्रदेश में शहडोल जिले के ब्यौहारी वन परिक्षेत्र में जंगली हाथियों के हमले में दो लोगों की मौत हो गई है। वन विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हाथियों के दल की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों का आना-जाना क्षेत्र में लगातार बढ़ रहा है और इससे जान-माल का नुकसान हो रहा है।
- क्षेत्र में बढ़ रही हाथियों की गतिविधियां, ग्रामीणों में दहशत का माहौल।
- वन विभाग गांवों में लोगों को हाथियों को लेकर सतर्क कर रहा है।
- हाथियों का दल किसी भी गांव में घुस जाता है, इससे लोग परेशान हैं।
शहडोल (Shahdol News)। शहडोल जिले के उत्तर वन मंडल के ब्यौहारी वन परिक्षेत्र में जंगली हाथियों के हमले में दो मौतें हो गई हैं। जानकारी के अनुसार एक पुरुष और एक महिला की मौत हुई है। जंगली हाथी ने दोनों को कुचल दिया है। मौके पर वन अमला पहुंच गया और मामले की जांच की जा रही है। मालूम हो कि हाथियों का एक दल ब्यौहारी वन परिक्षेत्र में विचरण कर रहा है।इसी दल के हाथी ने सोमवार को दो लोगों को कुचल दिया है। यह घटना वन परीक्षित गोदवाल के सनौसी बीट में हुई है। वन अधिकारियों ने बताया कि घटना हुई है और जांच पड़ताल की जा रही है कि किस कारण से मौत हुई है। अभी तक पूरी जानकारी इकट्ठा नहीं हो पाई है, वन विभाग जांच पड़ताल करने के बाद ही स्पष्ट कर पाएगा मौत कैसे हुई है।
हाथियों के कुचलने से ही हुई है मौत

ग्रामीणों के बताएं अनुसार हाथियों के कुचलने से ही मौत हुई है। ग्रामीणों ने कहा कि पिछले 2 साल से क्षेत्र में हाथियों का आना-जाना लगा हुआ है और खेती-बाड़ी को नुकसान पहुंचाने के साथ अब लोगों की जान भी लेने लगे हैं।
वन विभाग अपने स्तर से लोगों को हाथियों के नजदीक जाने से रोकता है और जागरूकता फैला रहा है, लेकिन इससे हाथियों पर अंकुश नहीं लगा है। हाथियों के दल जहां भी मन करता है उस गांव में घुस जाते हैं और लगातार नुकसान पहुंचा रहे हैं। इससे गांव के लोग परेशान हो गए हैं।
हाथी और मानव संघर्ष को रोकने के लिए वन विभाग ने योजना बनाई है और अपना प्रस्ताव सरकार को दिया है। अभी तक इस पर कोई काम शुरू नहीं हो पाया है। लगातार बढ़ रही हाथियों की हलचल से अब वन विभाग को स्थाई समाधान निकालने की जरूरत है। तभी गांव के लोगों की सुरक्षा इनसे की जा सकती है।







