सीमा सिंह शहडोल -: शहडोल में एक नाबालिग से गैंगरेप की वारदात सामने आई है। पीड़ित लड़की पिछले 3 दिनों से लापता थी। उसे गुरुवार तड़के एक होटल से बरामद किया गया।
पुलिस के मुताबिक लड़की की उम्र 17 साल है। वह बुढ़ार जेल में पदस्थ डिप्टी जेलर के साथ एक होटल पहुंची थी। युवती ने जेलर पर जबरन उसे यहां लाने के आरोप लगाए थे। जिसके बाद पुलिस ने जेलर पर अपहरण का केस दर्ज किया है। जेलर विकास सिंह अभी फरार है।
इधर, पीड़ित ने अपने साथ गैंगरेप होने की बात भी पुलिस को बताई है। उसने पुलिस को बताया कि चार लोगों ने अलग-अलग जगह ले जाकर उसके साथ रेप किया। पुलिस ने गुरुवार को ही सभी आरोपियों को पकड़ लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। आरोपियों के नाम समीर खान, छोटू मुसलमान, अनमोल और आकिब है।
इस मामले में एसपी रामजी श्रीवास्तव ने गुरुवार को दो बार प्रेस कॉन्फ्रेंस की। पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने लड़की के अपहरण की बात बताई और कहा कि इस मामले में डिप्टी जेलर पर केस दर्ज किया है। वहीं शाम उन्होंने बताया कि लड़की के साथ 4 लोगों ने गैंगरेप किया है।
नाबालिग लड़की 28 अप्रैल की रात अपने घर से लापता हो गई थी। 30 अप्रैल को लड़की की मां ने सोहागपुर थाने में अपहरण का केस दर्ज कराया था। इसके बाद पुलिस ने जांच की तो वह 30 अप्रैल को आधी रात के बाद एक होटल में मिली।
रामजी श्रीवास्तव
एसपी, शहडोल
पहले समीर और छोटू ने जंगल में रेप किया एसपी के मुताबिक, लड़की ने बताया कि 29 अप्रैल की रात उसके पास समीर खान का फोन आया। वह उसे पहले से जानती थी। फोन आने के बाद वह उससे मिलने के लिए घर से बाहर गई। समीर उसे बाइक से चंदनिया के जंगल ले गया। जहां उसने रेप किया। इसके बाद समीर ने छोटू मुसलमान को बुलाया, उसने भी नाबालिग से रेप किया।
30 अप्रैल की सुबह 11 बजे दोनों आरोपी उसे शहडोल रेलवे स्टेशन छोड़ गए। उन्होंने कहा कि हम शाम को फिर आएंगे। नाबालिग दिनभर रेलवे स्टेशन पर रही, लेकिन दोनों नहीं आए।
अनमोल और आकिब ने भी किया दुष्कर्म 30 अप्रैल की ही शाम को लड़की के पास अनमोल का फोन आया। उसने उसे शहडोल की डेरी के पास बुलाया। लड़की जब वहां पहुंची तो अनमोल उसे बाइक से चंदनिया बैरियर के पास वाले क्षेत्र में ले गया। वहां उसने भी रेप किया। साथ ही अपने साथी आकिब को फोन कर बुलाया। आकिब ने भी लड़की से रेप किया और फिर दोनों उसे रात 2 बजे उसे हॉस्टल के पास छोड़कर चले गए।
पीड़ित रात में जेलर के साथ होटल पहुंची पुलिस के मुताबिक, लड़की ने बताया कि 30 अप्रैल की रात को करीब 3 बजे जब वह रेलवे स्टेशन की ओर जा रही थी। तब लिफ्ट देकर बुढ़ार जेल के डिप्टी जेलर विकास सिंह उसे अपनी कार से होटल ले गए। इस दौरान ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मियों को संदेह हुआ तो वे खोजते हुए होटल पहुंचे और लड़की को बरामद किया। लड़की के बयान के आधार पर पुलिस ने जेलर विकास सिंह के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज किया है।
जेलर का भाई बोला- झूठे केस में फंसाया जेलर विकास सिंह के बड़े भाई प्रकाश सिंह ने बताया- मेरे भाई को झूठे मामले में फंसाया जा रहा है। बुधवार को मेरे भाई की इंगेजमेंट हुई। कार्यक्रम होटल त्रिदेव में था। पुलिस जिस कृष्णा होटल में लड़की के बरामदगी की बात कह रही है, वहां हमारे सभी गेस्ट और परिजन रुके थे। हमने पुलिस से खुद कहा कि सीसीटीवी फुटेज की जांच की जाए।
जब पुलिसकर्मी मेरे भाई पर झूठा आरोप लगा रहे थे, तब उसकी झड़प उन पुलिस कर्मियों से हुई थी। रात में ही जब महिला पुलिस कर्मचारी नाबालिग लड़की का बयान लेने होटल आई थी, तब भी लड़की ने अपहरण और दुष्कर्म जैसा कोई आरोप नहीं लगाया था।
जेलर के भाई ने बताया- मेरा भाई गेस्ट को छोड़कर वापस होटल की तरफ आ रहा था, तभी जेलर के भाई ने बताया- मेरा भाई गेस्ट को छोड़कर वापस होटल की तरफ आ रहा था, तभी उसे लड़की मिली। लड़की परेशान थी, उसने मेरे भाई से मदद मांगी। वह जबलपुर जाने की बात कर रही थी। ट्रेन नहीं होने के कारण वह रात कहीं रुकने की बात कर रही थी। होटल में हमारी बुकिंग पहले से थी, इस कारण विकास लड़की को लेकर होटल आ गया।
लड़की ने पुलिस को ऐसा कुछ नहीं कहा। इसके बाद भी उसे झूठे मामले में फंसा दिया गया है। हमने खुद एसपी से सीसीटीवी फुटेज जांच करने की मांग की है।
एसपी ने दोपहर में यह बात बताई थी शहडोल एसपी रामजी श्रीवास्तव ने गुरुवार दोपहर में कहा था- कोतवाली पुलिस शहर में गश्त कर रही थी, तभी आधी रात उन्हें लड़की सड़क पर जाते मिली। पुलिस वाहन में तैनात कर्मचारियों ने उससे आधी रात को निकलने का कारण पूछा, तब नाबालिग ने बताया कि वह रेलवे स्टेशन जा रही है।
पुलिस ने उसे जाने दिया और अगले पॉइंट पर तैनात पुलिसकर्मियों को सूचना दी कि एक लड़की स्टेशन की तरफ आ रही है, उस पर नजर बनाए रखें, ताकि वह सुरक्षित स्टेशन पहुंच सके। जब काफी समय बीत गया। लड़की अगले पॉइंट तक नहीं पहुंची, तब पुलिस कर्मियों ने आपस में दोबारा बात की और लड़की की तलाश में जुट गए।
लिफ्ट देने के बहाने जेलर लेकर गया होटल एसपी के मुताबिक, नाबालिग लड़की ने पुलिस को बताया है कि वह रेलवे स्टेशन की तरफ जा रही थी, तभी रास्ते पर उसे आरोपी विकास सिंह मिल गया। उसने लड़की से पूछा कहां जा रही हो। लड़की ने रेलवे स्टेशन जानी की बात कही, तब जेलर विकास सिंह ने उसे रेलवे स्टेशन छोड़ने की बात कही और अपनी कार में बैठा लिया। इस बीच आरोपी नाबालिग लड़की को कृष्णा होटल लेकर चला गया।
फुटेज में लड़की के साथ दिखा जेलर एसपी के मुताबिक, पुलिस को होटल के सीसीटीवी फुटेज भी मिले हैं, जिसमें लड़की आगे-आगे जाती दिख रही है। पीछे-पीछे डिप्टी जेलर विकास सिंह हैं। नाबालिग का आरोप है कि उसे डरा धमका कर ले जाया जा रहा था।
पुलिस इसकी भी जांच कर रही है।
पुलिस को बताई पुराने अपहरण की घटना एसपी ने बताया कि नाबालिग लड़की ने पूछताछ के दौरान एक पुराने अपहरण की घटना बताई है। सितंबर 2024 में नाबालिग लड़की एक बार और गायब हुई थी, जिसमें पुलिस ने उसे ढूंढ़ निकाला था। उस समय घटना में कोई नामजद आरोपी नहीं था। ना ही पीड़िता ने किसी का नाम लिया था। लेकिन इस मामले में उसने कुछ युवकों के नाम बताए हैं। पुलिस उन्हें भी हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।







