श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- ग्वालियर। जीवाजी विश्वविद्यालय अब पारंपरिक शिक्षा से आगे बढ़ते हुए तकनीकी शिक्षा के नए दौर में कदम रख रहा है। विश्वविद्यालय परिसर में अत्याधुनिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) लैब तैयार की जा रही है, जिसका उद्देश्य छात्रों को भविष्य की तकनीकों से जोड़ना और उन्हें उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप दक्ष बनाना है।
स्टडी सेंटर में होगा विकसित
यह एआइ लैब विश्वविद्यालय के स्टडी सेंटर में विकसित की जा रही है। इस लैब और आनलाइन एक्जाम सेंटर सहित अन्य आवश्यक कार्यों के लिए संस्थान में 800 से अधिक नए कंप्यूटर भी पहुंच चुके हैं।
वास्तविक तकनीकी माडल्स पर काम करेंगे छात्र
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार इस लैब में छात्र आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, डेटा साइंस, आटोमेशन और स्मार्ट टेक्नोलोजी जैसे क्षेत्रों का प्रायोगिक प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे। अभी तक अधिकांश छात्रों को इन विषयों की केवल सैद्धांतिक जानकारी मिलती थी, लेकिन अब उन्हें लाइव प्रोजेक्ट्स और वास्तविक तकनीकी मॉडल्स पर काम करने का अवसर मिलेगा। इससे न केवल उनकी तकनीकी समझ मजबूत होगी, बल्कि रिसर्च और नवाचार को भी नई दिशा मिलेगी।
एआइ लैब के माध्यम से छात्र स्टार्टअप आइडिया विकसित कर सकेंगे और स्मार्ट एप्लीकेशन डिजाइन करने जैसे कार्यों में भी भाग ले पाएंगे। वर्तमान समय में आइटी और टेक कंपनियों में एआइ विशेषज्ञों की मांग तेजी से बढ़ रही है, ऐसे में यह पहल विद्यार्थियों के लिए बेहतर रोजगार और इंटर्नशिप के अवसर खोल सकती है। विश्वविद्यालय प्रबंधन का मानना है कि आने वाले समय में यह लैब ग्वालियर-चंबल अंचल के छात्रों के लिए तकनीकी प्रशिक्षण का प्रमुख केंद्र बन सकती है।
जल्द खुलेगा आनलाइन परीक्षा केंद्र
इधर, विश्वविद्यालय में अंचल का सबसे बड़ा आनलाइन परीक्षा केंद्र शुरू करने की तैयारियां भी अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। बड़ी संख्या में कंप्यूटर स्थापित किए जा चुके हैं और तकनीकी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। यह परीक्षा केंद्र शुरू होने के बाद विभिन्न आनलाइन भर्ती परीक्षाओं और प्रतियोगी परीक्षाओं के आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे छात्रों को दूसरे शहरों में जाने की आवश्यकता कम होगी और ग्वालियर तकनीकी एवं डिजिटल परीक्षा सुविधाओं के नए केंद्र के रूप में उभर सकेगा।