श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- रतलाम। बाजना थाना क्षेत्र में माही नदी पुलिया के पास देर रात अज्ञात बदमाशों ने एक परिवार को चाकू की नोक पर लूट लिया। बाइक सवार चार आरोपितों ने 60 वर्षीय व्यक्ति, उसकी बेटी और तीन वर्षीय पोते को घेरकर नकदी व जेवर छीन लिए।
तीनों बाइक से राजस्थान के बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ जा रहे थे। इसी दौरान माही नदी पुलिया से बाइक सवार बदमाश पीछे लगे और करीब एक किलोमीटर के बाद पीड़ित को रोक कर लूट की घटना को अंजाम दे दिया। सोमवार दोपहर साइबर सेल और थाना टीम पीड़ित को लेकर घटनास्थल पहुंची और निरीक्षण किया।
कुशलगढ़, पाटी निवासी कादर पुत्र मीर मोहम्मद खां मकरानी ने पुलिस को बताया कि 11 अप्रैल को जावरा में रिश्तेदार की शादी में गया हुआ था। इसी दौरान बहू की डिलीवरी की सूचना मिलने पर वह अपनी 28 वर्षीय पुत्री नजराना व तीन वर्षीय पोते शादाब के साथ बाइक से कुशलगढ़ के लिए रवाना हुआ।
रविवार रात करीब 12:15 बजे माही नदी के पास दो बाइक खड़ी दिखीं, जिनके पास चार से छह लोग मौजूद थे। उन्होंने वाहन रोकने का इशारा किया, लेकिन मैंने बाइक नहीं रोकी और आगे बढ़ गया।
गांव पार करने के बाद पुलिया के पास पीछे से बाइक पर आए दो आरोपितों में से एक ने चलती बाइक पर चाकू अड़ाकर वाहन रुकवा लिया। इसके बाद अन्य बाइक से आए दो आरोपितों ने नजराना को चाकू दिखाकर उसके कान से सोने की बालियां, 12 सोने के मोती वाला मंगलसूत्र व पर्स छीन लिया।
मेरी जेब से पर्स निकाल लिया, जिसमें पांच हजार रुपये, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पेन कार्ड व जनआधार कार्ड रखे थे। नजराना के पर्स में करीब 15 हजार रुपये रखे थे, जिसे भी लूट लिया गया।
आरोपितों ने चाकू से नजराना की पांव की पायजेब काटने की भी कोशिश की, जिससे नजराना को हल्की चोट आई। इसी दौरान बाजना की ओर से आ रही एक पिकअप वाहन की रोशनी देखकर बदमाश मौके से फरार हो गए। जाते समय वे कपड़ों से भरा बैग भी लूटकर ले गए।
आरोपितों ने अपने चेहरे कपड़े से ढक रखे थे। सभी की उम्र करीब 18 से 22 वर्ष के बीच बताई जा रही है। एक बाइक बिना नंबर की थी, जबकि दूसरी ऊंची सीट वाली बताई गई है। रात में पुलिस को सूचना देने के बाद घटना से घबराया परिवार बाजना में ही जमाई इमरान के यहां रुका और सुबह कुशलगढ़ चला गया।
बेटी बोली- मेरा हाथ मोड़ा, मिले तो लगाउंगी दो थप्पड़
- नजराना ने बताया कि आरोपित बाइक से पीछा करते हुए पहुंचे थे।
- एक ने आगे से और दूसरे ने पीछे से बाइक लगा दी। सभी के हाथों मेंं चाकू थे।
- एक ने मेरे पिता के गर्दन पर चाकू रखा और दूसरे ने पेट पर रखा।
- मैंने अपने हाथों से सब सामान निकालकर उन्हें दे दिया।
- लेकिन फिर भी वे अभद्रता करते रहे और मुझे थप्पड़ मारे।
- मेरे सामने आरोपित आएंगे, तो उन्हें दो थप्पड़ लगाउंगी।
- चाकू से पायजेब काट रहे थे, इतने में पिकअप आ गई।
- आरोपित वापस माही नदी की पुलिया की ओर भाग गए।
- जाते-जाते बाइक का क्लच वायर तोड़ दिया।
- पिता का कीपेड, मेरा एंड्राइड मोबाइल व बाइक की चाबी अपने साथ ले गए।
- शादाब रोते हुए मुझे नहीं मारने की गुहार लगाता रहा, लेकिन आरोपित नहीं माने।
- पिकअप चालक ने बाइक ठीक कर पुलिस को सूचना दी और तीनों को सकुशल पहुंचाया।







