श्रेया न्यूज़ सीमा सिंह शहडोल -: शहडोल में पुलिस की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है। सेना के जवान के घर में हुई चोरी(Robbery at soldier house) के 16 घंटे बाद भी पुलिस घटना स्थल पर नहीं पहुंची। पीड़िता ने खुद थाने जाकर शिकायत की, लेकिन उसे सिर्फ यह कहकर लौटा दिया गया कि पुलिस मौके पर जाकर जांच करेगी।
जिले के अमलाई थाना क्षेत्र में पुलिस( Amlai police) की लापरवाही का बड़ा मामला सामने आया है। सेना के जवान के घर में हुई चोरी(Robbery at soldier house) की सूचना देने के बाद भी पुलिस 16 घंटे तक मौके पर नहीं पहुंची। यहां तक कि प्राथमिकी भी दर्ज नहीं की गई(no FIR registered)। पीड़िता ने खुद थाने जाकर शिकायत की, लेकिन उसे सिर्फ यह कहकर लौटा दिया गया कि पुलिस मौके पर जाकर जांच करेगी।
अमलाई थाना क्षेत्र के बिछाया गांव निवासी शकुंतला सिंह (बेबी) ने बताया कि बुधवार सुबह 11 बजे वह अपने पुत्र के साथ खेत में रोपा लगवाने गई थीं। शाम 6 बजे जब वह घर लौटीं तो दरवाजा खुला मिला और ताला टूटा हुआ था। घर का सामान बिखरा पड़ा था और अलमारी के लाकर टूटे हुए थे। घर से 25 हजार रुपये नकद और तीन लाख रुपये से अधिक कीमत के सोने-चांदी के गहने चोरी हो गए।
खेत से लौटने के बाद घर का ताला टूटा मिला
शकुंतला सिंह ने बताया कि उनके पति सेना में कार्यरत हैं और वर्तमान में देश की सेवा में तैनात हैं। वह अपने पुत्र के साथ घर में रहती हैं। खेत जाते समय उन्होंने दरवाजे में ताला लगाया था, लेकिन लौटने पर ताला टूटा मिला और घर में चोरी हो चुकी थी।
16 घंटे बाद भी नहीं पहुंची पुलिस
घटना की जानकारी उन्होंने पड़ोसियों को दी और उसी रात करीब आठ बजे कुछ लोगों के साथ अमलाई थाने पहुंचीं। उन्होंने थाने में लिखित शिकायत देना चाहा, लेकिन पुलिस ने यह कहकर आवेदन नहीं लिया कि वे पहले घर जाकर मौका मुआयना करेंगे। शिकायत देने के 16 घंटे बाद तक भी कोई पुलिसकर्मी मौके पर नहीं पहुंचा।
शकुंतला ने बताया कि उनके पति देश की सेवा में हैं और उनके घर में चोरी होने के बावजूद पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया, जिससे उन्हें बहुत दुख हुआ। उन्होंने कहा कि जब एक फौजी के परिवार के साथ ऐसा हो सकता है तो आम लोगों के साथ क्या होता होगा, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है।
महिला का कहना है कि चोरी के मामले में पुलिस की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। वहीं, अमलाई थाना प्रभारी जयप्रकाश शर्मा ने कहा कि फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट का इंतजार किया जा रहा था। जैसे ही एक्सपर्ट पहुंचे, टीम को रवाना किया गया। जांच के बाद एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।







