सीमा सिंह शहडोल -: मध्यप्रदेश में अगले 4 दिन तक ओले, बारिश और आंधी का दौर बना रहेगा। इस दौरान कई जिलों में लू का भी अलर्ट है। सोमवार को जबलपुर समेत 11 जिलों में ओले गिरने का अलर्ट है, जबकि इंदौर, भोपाल और उज्जैन में गर्मी का असर रहेगा।
सोमवार को जिन जिलों में ओले गिरने का अलर्ट है, उनमें छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, जबलपुर, मंडला, डिंडोरी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया और कटनी शामिल हैं। सिंगरौली, सागर, नर्मदापुरम, बैतूल, देवास में गरज-चमक और बूंदाबांदी हो सकती है। 29-30 अप्रैल और 1 मई को भी बारिश का दौर बना रहेगा, लेकिन लू और तेज गर्मी का असर भी देखने को मिल सकता है। ग्वालियर-चंबल संभाग में दिन में लू और रात में बारिश का अलर्ट है।
नौगांव में 10 डिग्री लुढ़का पारा, कई जिलों में बारिश हुई
इससे पहले रविवार को बारिश के बीच गर्मी का असर भी देखा गया। पूर्वी हिस्से में बारिश का दौर चला। छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, मंडला, डिंडौरी, सागर, विदिशा, नरसिंहपुर, सिवनी, उमरिया समेत कई जिलों में बारिश हुई। भोपाल में शाम को बूंदाबांदी का दौर शुरू हुआ। वहीं, पश्चिमी हिस्से में गर्मी का असर रहा।
मौसम विभाग के अनुसार, छतरपुर जिले के नौगांव में एक ही दिन में 10 डिग्री पारा लुढ़क गया। यहां शनिवार को तापमान 43 डिग्री था, जो रविवार को 33 डिग्री पर आ गया। छिंदवाड़ा में 4 डिग्री, खजुराहो में 4.2 डिग्री, सीधी में 6 डिग्री, सिवनी में 2 डिग्री, मलाजखंड में 3.4 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई।
अगले 4 दिन ऐसा रहेगा मौसम
28 अप्रैल: छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, जबलपुर, मंडला, डिंडोरी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, कटनी में बारिश के साथ ओले गिर सकते हैं। सिंगरौली, सागर, नर्मदापुरम, बैतूल, देवास में गरज-चमक का अलर्ट है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन में बादल छा सकते हैं, पर गर्मी का असर बना रहेगा।
29 अप्रैल: ग्वालियर, भिड, दतिया, मुरैना, श्योपुर, गुना, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर, इंदौर, देवास, खरगोन और खंडवा में लू चलने का अलर्ट है। छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, मंडला और बालाघाट में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
30 अप्रैल: ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, शिवपुरी, दतिया, भिंड में दिन में लू चलेगी, जबकि रात में हल्की बारिश हो सकती है। अशोकनगर, गुना, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर, इंदौर, देवास, खरगोन, खंडवा एवं बुरहानपुर में लू चल सकती है। रीवा, मऊगंज, सीधी और अनूपपुर में बूंदाबांदी के आसार है।
1 मई: इंदौर, देवास, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, अलीराजपुर, झाबुआ, रतलाम, नीमच, मंदसौर, गुना, अशोकनगर में लू का अलर्ट है। वहीं, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया में दिन में लू और रात में बारिश हो सकती है। निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सागर, दमोह, रायसेन, जबलपुर, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, मैहर और सतना में बारिश का अलर्ट है।
रतलाम सबसे गर्म रहा, पारा 43.4 डिग्री रहा प्रदेश में रविवार को रतलाम सबसे गर्म रहा। यहां दिन का तापमान 43.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, गुना में 41.6 डिग्री, धार-खरगोन में 41.2 डिग्री, नरसिंहपुर में 41 डिग्री, खंडवा में 40.5 डिग्री, टीकमगढ़ में 40.2 डिग्री और शिवपुरी में पारा 40 डिग्री रहा। बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 39.2 डिग्री, इंदौर में 40.4 डिग्री, ग्वालियर में 40.2 डिग्री, उज्जैन में 41 डिग्री और जबलपुर में 37.5 डिग्री रहा। बाकी जिलों में तापमान 40 डिग्री से कम ही दर्ज किया गया। सबसे ठंडा सीधी रहा। यहां पारा 31.8 डिग्री रहा।
इस वजह से ऐसा मौसम
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा ने बताया कि एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) और एक साइक्लोनिक सकुर्लेशन एक्टिव है। इस वजह से प्रदेश में मौसम बदला हुआ है। अगले चार दिन तक कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। वहीं, गर्मी का असर भी बना रहेगा।
एमपी के इन शहरों में इतना तापमान
शहर रात का तापमान
रतलाम 43.4
गुना 41.6
धार, खरगोन 41.2
नरसिंहपुर 41.0
खंडवा 40.5
टीकमगढ़ 40.2
शिवपुरी 40.0
नर्मदापुरम 39.8
खजुराहो (छतरपुर) 39.2
मंडला 39.2
रीवा 39.0
बैतूल 38.8
उमरिया 38,6
सागर, सतना 38.4
रायसेन 38.0
दमोह 37.6
मलाजखंड (बालाघाट) 370
सिवनी 36.2
छिंदवाड़ा 35.0
पचमढ़ी (नर्मदापुरम} 33.2
नौगांव (छतरपुर) 33.0
सीधी 33.0
(नोट: 27 अप्रैल का अधिकतम तापमान)
ऐसा रहेगा अप्रैल का आखिरी सप्ताह
चौथा सप्ताहः उत्तर-पश्चिमी हवाओं के लगातार जोर पकड़ने के साथ पूरे प्रदेश में न्यूनतम तापमान सामान्य से 3-4 डिग्री अधिक, यानि 27 से 30 डिग्री सेल्सियस तक रहेगा। दिन के साथ रातें भी गर्म हो जाएंगी। ग्वालियर, चंबल, सागर और रीवा संभाग में पारा 43-45 डिग्री, जबकि इंदौर, उज्जैन-भोपाल सहित बाकी प्रदेश में 41 से 44 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। बंगाल क्षेत्र में साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम की वजह से अप्रैल के आखिरी में 3 से 4 दिन तक लू का असर रह सकता है।
अप्रैल में ऐसा रहा अब तक का मौसम अप्रैल के पहले, दूसरे और तीसरे सप्ताह में तेज गर्मी और बारिश का दौर बना रहा। पहले सप्ताह में सभी संभागों में सामान्य से 2-3 डिग्री ज्यादा 21-24 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, दिन में पश्चिमी गर्म हवाओं के कारण अधिकतम
तापमान इंदौर, सागर और नर्मदापुरम संभागों में सामान्य से ज्यादा 39 से 44 डिग्री तक पहुंच गया। उज्जैन, भोपाल, ग्वालियर समेत बाकी संभागों में यह 41 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। पहले सप्ताह रतलाम में लू चल चुकी है। वहीं, बाकी शहरों में गर्म हवाओं से गर्मी बढ़ी रही।
दूसरे सप्ताह में पूरे प्रदेश में तेज आंधी, बारिश, ओले और गरज-चमक की स्थिति बनी रही। प्रदेश के 80 प्रतिशत हिस्से में बारिश हुई। दूसरी ओर, कुछ जिलों में गर्मी का असर भी रहा।
तीसरे सप्ताह में उत्तर-पश्चिमी हवाओं के जोर पकड़ने के साथ इंदौर, भोपाल, ग्वालियर, चंबल, सागर, रीवा, नर्मदापुरम संभागों में न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। वहीं, पूरे प्रदेश में दिन में अधिकतम तापमान 40 से 44 डिग्री सेल्सियस या इससे ज्यादा रहा। कई जिलों में लू भी चली।
तेज गर्मी में यह रखें ध्यान
पर्याप्त मात्रा में पानी पीकर हाइड्रेटेड रहें।
दोपहर 12 से शाम 4 बजे तक जरूरत पड़ने पर ही घरों से बाहर निकले। इस दौरान धूप तेज होती है।
गर्मी में हल्के वजन, रंग या ढीले सूती कपड़े पहनें। अपने सिर को कपड़े से ढंक लें।
इमरजेंसी किट में जरूरी वस्तुएं जैसे- जल्दी खराब न होने वाला भोजन, पानी, दवाइयां, टॉर्च, बैटरी
अब जानिए, 10 साल की डेटा बेस्ड स्टडी के बारे में
मध्यप्रदेश में अप्रैल के दूसरे पखवाड़े से गर्मी का असर तेज होने लगता है। महीने के आखिरी दिनों में तो तापमान रिकॉर्ड तोड़ देता है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर के 10 साल की डेटा बेस्ड स्टडी में सामने आया कि भोपाल-इंदौर में पारा 43 डिग्री तक पहुंचा जबकि जबलपुर में आंकड़े ने 44 डिग्री को छू लिया।
ग्वालियर में तो तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। पिछले तीन साल इन शहरों मे तेज गर्मी पड़ी। इस बार भी तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। कई शहरों में तो पारा 44 डिग्री के पार पहुंच चुका है।
भोपाल: 1996 में पड़ी थी सबसे ज्यादा गर्मी, बारिश भी हुईअप्रैल में गर्मी के ट्रेंड की बात करें तो भोपाल में 29 अप्रैल 1996 को अधिकतम तापमान 44.4 डिग्री सेल्सियस पहुंचा था। इस महीने भोपाल में बारिश-आंधी के आसार भी बनते हैं। यही कारण है कि पिछले कुछ सालों से अप्रैल में बारिश का दौर चल रहा है।
20 अप्रैल 2013 को भोपाल में 24 घंटे के भीतर 30.8 मिमी यानी एक इंच से ज्यादा बारिश हुई थी। वहीं, 2023 में 22.6 मिमी पानी गिरा था। 17-18 अप्रैल को तापमान 40.9 डिग्री सेल्सियस रहा था। इस बार पारा 42 डिग्री के पार पहुंच चुका है।
भोपाल में अप्रैल में इतना टेम्प्रेचर
दिन दिन का तापमान रात का तापमान
2015 42.5 (20 अप्रैल) 17.8 (15 अप्रैल)
2016 42.6 (17 अप्रैल) 20.1 (13 अप्रैल)
2017 42.7 (18 अप्रैल) 18.6 (11 अप्रैल)
2018 42.8 (29 अप्रैल) 20.0 (2 अप्रैल)
2019 43.7 (30 अप्रैल) 18.7 (17 अप्रैल)
2020 40.8 (31 अप्रैल) 19.0 (2 अप्रैल)
2021 42.8 (30 अप्रैल) 17.4 (2 अप्रैल)
2022 43.3 (30 अप्रैल) 17.8 (17 अप्रैल)
2023 40.9 (17-18 अप्रैल) 17.4 (1 अप्रैल)
2024 40.8 (29 अप्रैल) 18.0 (3 अप्रैल)
नोट- आंकड़े अप्रैल के, तापमान डिग्री सेल्सियस में
इंदौर में पिछले साल गिरा था 22.3 मिमी पानी इंदौर में भी पारा 44 डिग्री के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, 25 अप्रैल 1958 को सर्वाधिक 44.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। इस महीने यहां भी मौसम में बदलाव देखने को मिलता है। इसके चलते बादल छाए रहते हैं तो बौछारें भी गिरती हैं।
इंदौर में पिछले साल 22.3 मिमी बारिश हुई थी। वर्ष 2014 से 2024 के बीच 6 साल बारिश हो चुकी है।
इंदौर में 42 डिग्री पार रहता है टेम्प्रेचर
दिन दिन का तापमान रात का तापमान
2015 42.0 (21 अप्रैल) 16.0 (1 अप्रैल)
2016 41.5 (16-30 अप्रैल) 19.5 (9 अप्रैल)
2017 41.6 (18 अप्रैल) 15.6 (8 अप्रैल)
2018 42.1 (29 अप्रैल) 18.4 (24 अप्रैल)
2019 43.5 (29 अप्रैल) 18.0 (18 अप्रैल)
2020 39.7 (16 अप्रैल) 19.7 (2 अप्रैल)
2021 40.6 (30 अप्रैल) 18.8 (2 अप्रैल)
2022 42.0 (29 अप्रैल) 20.6 (1 अप्रैल)
2023 39.6 (18 अप्रैल) 17.2 (1 अप्रैल)
2024 40.2 (18 अप्रैल) 18.4 (1 अप्रैल)
नोट- आंकड़े अप्रैल के, तापमान डिग्री सेल्सियस
जबलपुर में तेज गर्मी का ट्रेंड
जबलपुर की बात करें तो यहां एक बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार रहा है। मौसम विभाग के अनुसार 28 अप्रैल 1970 को दिन का तापमान 45.4 डिग्री रहा था। अप्रैल में यहां भी बारिश होने की संभावना रहती है। रिकॉर्ड के अनुसार, 3 अप्रैल 1935 को 24 घंटे के भीतर 50.3 मिमी बारिश हुई थी, जो दो इंच के करीब है। 2023 में 20.2 मिमी बारिश हुई थी। इस साल 19 अप्रैल को अधिकतम तापमान 40.8 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। इस बार भी जबलपुर में तेज गर्मी है।
जबलपुर में 44 डिग्री तक पहुंच चुका पारा
दिन दिन का तापमान रात का तापमान
2015 41.5 (20 अप्रैल) 18.4 (1 अप्रैल)
2016 42.7 (17 अप्रैल) 21.0 (1 अप्रैल)
2017 42.9 (16 अप्रैल) 18.5 (11 अप्रैल)
2018 42.8 (28 अप्रैल) 20.3 (3 अप्रैल)
2019 44.2 (30 अप्रैल) 18.6 (2 अप्रैल)
2020 40.7 (18 अप्रैल) 18.6 (5 अप्रैल)
2021 42.4 (30 अप्रैल) 16.6 (2 अप्रैल)
2022 43.9 (30 अप्रैल) 21.4 (3 अप्रैल)
2023 40.8 (19 अप्रैल) 17.0 (1 अप्रैल)
2024 41.0 (19 अप्रैल) 19.7 (2 अप्रैल)
नोट- आंकड़े अप्रैल के, तापमान डिग्री सेल्सियस में
ग्वालियर में पड़ रही सबसे ज्यादा गर्मी ग्वालियर में अप्रैल की गर्मी का ट्रेंड बाकी शहरों से अलग रहता है। यहां ज्यादा गर्मी पड़ती है। बीते 10 साल में यहां पारा एक बार 45 डिग्री और 3 बार 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। 28 अप्रैल 1958 को तापमान 46.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
एक दिन में सर्वाधिक बारिश होने का रिकॉर्ड वर्ष 1909 में बना था। 22 अप्रैल को कुल 67.6 मिमी बारिश हुई थी। इसी साल अप्रैल महीने में साढ़े 4 इंच पानी गिरा था। 2023 में भी बारिश हुई थी। इस बार भी ग्वालियर में तेज गर्मी का असर है।
ग्वालियर में सबसे ज्यादा गर्मी
दिन दिन का तापमान रात का तापमान
2015 42.2 (20 अप्रैल) 17.2 (10 अप्रैल)
2016 44.0 (17 अप्रैल) 18.8 (24 अप्रैल)
2017 44.9 (20 अप्रैल) 17.3 (9 अप्रैल)
2018 43.3 (27 अप्रैल) 18.0 (7 अप्रैल)
2019 43.8 (30 अप्रैल) 16.8 (2 अप्रैल)
2020 41.4 (15 अप्रैल) 15.6 (4 अप्रैल)
2021 44.3 (29 अप्रैल) 15.0 (4 अप्रैल)
2022 45.2 (29 अप्रैल) 17.0 (2 अप्रैल)
2023 41.7 (17 अप्रैल) 16.0 (1 अप्रैल)
2024 41.7 (26 अप्रैल) 10.7 (3 अप्रैल)
नोट- आंकड़े अप्रैल के, तापमान डिग्री सेल्सियस में
उज्जैन में भी गर्मी का असर तेज उज्जैन में भी अप्रैल महीने में गर्मी और बारिश का ट्रेंड रहता है। 18 अप्रैल 2010 को तापमान रिकॉर्ड 45.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। वहीं, 2014 से 2023 के बीच दो बार पारा 43 डिग्री के पार जा चुका है। पिछले साल एक बार तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। वहीं, पूरे महीने 1 इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई थी।
उज्जैन में भी गर्मी का असर
दिन दिन का तापमान रात का तापमान
2015 42.0 (20 अप्रैल) 17.0 (1-13 अप्रैल)
2016 42.0 (30 अप्रैल) 17.0 (1-8 अप्रैल)
2017 42.6 (17 अप्रैल) 15.0 (8-11 अप्रैल)
2018 42.6 (29 अप्रैल) 17.5 (24-25 अप्रैल)
2019 43.5 (30 अप्रैल) 17.5 (2 अप्रैल)
2020 41.3 (16 अप्रैल) 17.5 (1 अप्रैल)
2021 42.0 (30 अप्रैल) 15.5 (3 अप्रैल)
2022 43.9 (30 अप्रैल) 18.4 (3 अप्रैल)
2023 40.0 (19 अप्रैल) 16.0 (1 अप्रैल)
2024- 40.5 (18 अप्रैल) 17.5 (1 अप्रैल)
नोट- आंकड़े अप्रैल के, तापमान डिग्री सेल्सियस में







