अनूपपुर जिले के अमरकंटक के जंगलों से भटक कर रहवासी क्षेत्र में पहुंचे मादा चीतल को कुत्तों के झुंड ने घेर लिया। कुत्तों से बचने के लिए वह इधर-उधर भागा, लेकिन उन्होंने उसका पीछा नहीं छोड़ा। इसके बाद उसने अपनी जान बचाने के लिए नर्मदा नदी डैम में छलांग लगा दी।

इसके बाद वह पानी से बाहर निकलने की कोशिश करता रहा, लेकिन नहीं बच सका। आखिर में स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना नगर परिषद अमरकंटक और वन विभाग अमरकंटक के अधिकारियों को दी।
जिसके बाद नगर परिषद के अधिकारी और फॉरेस्ट विभाग के रेंजर और कर्मचारी तत्काल मौके में पहुंचे। इसके बाद मादा चीतल को नर्मदा नदी से बाहर निकाला गया।

पशु चिकित्सक डाॅक्टर प्रवीण सिंह मसराम ने प्राथमिक उपचार के पश्चात उसे वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया। फॉरेस्ट रेंजर अमरकंटक वीके श्रीवास्तव ने बताया कि मादा चीतल का रेस्क्यू कर उसका इलाज करवाया गया है। पूरी तरह स्वस्थ्य होने के बाद उसे विचरण के लिए जंगल में छोड़ दिया जाएगा।







