श्रेया न्यूज़ सीमा सिंह शहडोल -: शहडोल जिले के ब्यौहारी जनपद के निपनिया गांव में हरिजन-आदिवासी मोहल्ले की बिजली सप्लाई बीती रात से काट दी गई है। इस संकट से 250 घरों के 1500 से ज्यादा लोग अंधेरे में हैं।
शहडोल के ब्यौहारी जनपद अंतर्गत निपनिया गांव के हरिजन-आदिवासी मोहल्ले में बिजली संकट गहराता जा रहा है। बीती रात से यहां 250 घरों की सप्लाई अचानक काट दिए जाने से करीब 1500 से अधिक लोग अंधेरे में रहने को मजबूर हो गए हैं। बिजली कटौती से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, वहीं गृहणियों और किसानों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि बिजली विभाग की लापरवाही और कर्मचारियों की मिलीभगत से पूरे मोहल्ले को संकट में धकेल दिया गया है।
स्थानीय निवासी बीरबल कोल ने बताया कि बच्चे लालटेन और चिमनी की रोशनी में पढ़ाई कर रहे हैं, जबकि सिंचाई व्यवस्था भी ठप हो गई है। महिलाओं और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा दिक्कत झेलनी पड़ रही है।
ग्रामीणों ने आउटसोर्स कर्मचारी श्रीधर उरमालिया पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उसने बिजली बिल के नाम पर नकद वसूली की, लेकिन रसीदें नहीं दीं। कई ग्रामीणों से 2 से 3 हजार रुपये तक वसूले गए, जिसका कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है। जागरूकता की कमी और ऑनलाइन बिलिंग प्रणाली की जानकारी न होने के चलते गरीब और अनपढ़ ग्रामीण इस मनमानी का शिकार हो रहे हैं।
गांव के श्यामलाल कोल ने बताया कि असली बिल और रसीद न मिलने से परिवारों पर दोहरी मार पड़ रही है। उन्हें समझ नहीं आ रहा कि मेहनत की कमाई आखिर कहां जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि बिजली संकट और फर्जी वसूली की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए तथा तुरंत बिजली आपूर्ति बहाल की जाए।







