श्रेया न्यूज़ शहडोल द्रोपती धुर्वे :- जबलपुर। मादक पदार्थ की कार्रवाई से जुड़े एक मामले में पनागर थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार और तीन पुलिस कर्मियों को लापरवाही भारी पड़ गई। सभी को निलंबित करते हुए तुरंत पुलिस लाइन में हाजिर होने के निर्देश दिए गए हैं। यह कार्रवाई सीधे आईजी कार्यालय से की गई। मामला गुरुवार को तब प्रकाश में आया जब आईजी प्रमोद वर्मा की ओर से कर्तव्य निवर्हन में लापरवाही पर निलंबन का आदेश जारी किया गया।
कार्रवाई के लपेटे में थाना प्रभारी ताम्रकार के साथ ही एसआई रवि परिहार, एएसआई संजय मिश्रा और विनोद पटेल आए हैं। आईजी कार्यालय को एक शिकायत में यह बताया गया कि पनागर पुलिस ने गांजा जब्त करने के मामले में लापरवाही की है। एसआई परिहार, एएसआई मिश्रा व विनोद ने कुछ दिनों पूर्व एक आरोपित को गांजा के साथ पकड़ा था। आरोपित के पास से दो सौ ग्राम गांजा बरामद हुआ था।
गांजे की मात्रा कम होने के कारण मिली जमानत
मामले में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत एफआईआर दर्ज की गई थी। जब्त गांजा की मात्रा कम होने के कारण आरोपी को थाने से जमानत दे दी गई थी। जिम्मेदारों ने गिरफ्तार आरोपी से यह जानने का प्रयास नहीं किया कि उन तक गांजा कहां से और कैसे पहुंच रहा था।
मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध विक्रय के मामले में चलाए जा रहे अभियान के बीच गांजा का स्रोत पता करने का प्रयास नहीं किए जाने से संबंधित पुलिस कर्मियों की भूमिका संदेह के घेरे में आ गई। मामला संज्ञान में आते ही आईजी ने सख्ती बरती। तुरंत कार्रवाई के आदेश जारी किए।







