श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले के निवर्तमान कलेक्टर आदित्य सिंह पर रिश्वत मांगने के आरोपों से जुड़े मामले में श्री आनंदपुर ट्रस्ट कमेटी ने पहली बार सार्वजनिक रूप से अपनी स्थिति स्पष्ट की है। ट्रस्ट पदाधिकारियों ने कहा है कि कलेक्टर के खिलाफ ट्रस्ट की ओर से कोई शिकायत नहीं की गई है। हालांकि, कमेटी ने अब इन आरोपों की आंतरिक जांच कराने की बात भी कही है। शुक्रवार को मीडिया से चर्चा में ट्रस्ट के महात्मा शब्द सागरानंद और सोनू महात्मा ने कहा कि कलेक्टर आदित्य सिंह पर लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह झूठे और आधारहीन हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ट्रस्ट के नाम से सामने आई किसी भी शिकायत से ट्रस्ट का कोई लेना-देना नहीं है।
सूत्रों के अनुसार, आदित्य सिंह के खिलाफ दिल्ली भाजपा हाईकमान तक रिश्वत मांगने की शिकायत पहुंची थी, जिसमें श्री आनंदपुर ट्रस्ट के एक कथित प्रतिनिधिमंडल का नाम सामने आया। इसके बाद महत्वपूर्ण प्रशासनिक कार्य एसआइआर के दौरान ही कलेक्टर का स्थानांतरण कर दिया गया। गत 19 जनवरी को भोपाल में प्रदेश कांग्रेस के अनुसूचित जाति विभाग के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप अहिरवार ने प्रेसवार्ता कर श्री आनंदपुर ट्रस्ट पर शासकीय भूमि कब्जा, गोवंश तस्करी, यौन शोषण और आपराधिक गतिविधियों से जुड़े गंभीर आरोप लगाए थे। इन आरोपों के बाद ट्रस्ट और प्रशासन दोनों सवालों के घेरे में आ गए।







