श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- शहडोलः यहां के बिरसा मुंडा शासकीय मेडिकल कालेज कम का मुख्य प्रवेश द्वार अब मरीजों और उनके परिजनों के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। मुख्य गेट के सामने की – सड़क पूरी तरह जर्जर हो चुकी है, जहां बारिश के पानी से भरे गड्ढों के कारण आवाजाही में कठिनाई हो रही है।
यह मार्ग मेडिकल कालेज का मुख्य प्रवेश मार्ग है, जहां रोजाना मरीज, डाक्टर, कर्मचारी और जिले के वरिष्ठ अधिकारी आते-जाते हैं। इसके बावजूद सड़क की मरम्मत के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। लोगों का कहना है कि यह समस्या वर्षों से बनी हुई है।
शहडोल जिले के प्रभारी मंत्री राजेंद्र शुक्ल, जो प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री और चिकित्सा शिक्षा मंत्री भी हैं, के बावजूद इस बदहाल स्थिति पर ध्यान नहीं दिया गया है। मेडिकल कालेज प्रबंधन ने बताया कि मुख्य गेट के सामने अतिक्रमण हटाने के लिए कई बार संबंधित विभाग को पत्र लिखा गया है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि गंदगी और जलभराव से ज्यादा परेशानी हो रही है। दुकानों के कारण कचरा जमा रहता है, जिससे बदबू और जलभराव की समस्या उत्पन्न होती है। मरीजों और उनके परिजनों को अस्पताल पहुंचने से पहले इसी गंदगी और पानी से भरे गड्ढों से गुजरना पड़ता है।
नागरिकों ने प्रशासन से सड़क की मरम्मत, जलनिकासी की व्यवस्था और गंदगी हटाने की मांग की है। डीन बीजी रामटेके का कहना है कि अव्यवस्था को दूर कराने का प्रयास किया जाएगा।









