श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- गोहपारूः शासकीय महाविद्यालय गोहपारू में एक शिक्षक पर शैक्षणिक पद का दुरुपयोग कर किसी विशेष छात्र संगठन के पक्ष में गतिविधियां संचालित करने का आरोप लगाया गया है। इस मामले में महाविद्यालय के विद्यार्थियों और नागरिकों ने उच्च शिक्षा विभाग को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग – की है। ज्ञापन में शिक्षक सुदीप्त चौधरी के बारे में गंभीर सवाल उठाए गए हैं।
विद्यार्थियों का कहना है कि चौधरी स्वयं को अखिल भारतीय विद्यार्थी 35 परिषद के नगर अध्यक्ष के रूप में प्रस्तुत करते हैं। शिकायतकर्ताओं का तर्क है कि यदि कोई शिक्षक किसी छात्र संगठन में सक्रिय पदाधिकारी है, तो यह शासकीय कर्मचारी आचरण नियमों और महाविद्यालय की निष्पक्षता के संदर्भ में जांच का विषय है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि चौधरी विशेष छात्र संगठन से संबंधि गतिविधियों को बढ़ावा दे रहे हैं और विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से छात्र-छात्राओं को एक विशेष विचारधारा के पक्ष में प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं।
विद्यार्थियों ने कहा है कि यदि कोई शिक्षक विद्यार्थियों के शैक्षणिक भविष्य की जिम्मेदारी लेता है और स्वयं किसी सक्रिय छात्र संगठन का पदाधिकारी है, तो इससे हितों के टकराव की स्थिति उत्पन्न होती है। आगामी छात्र संघ चुनाव को देखते हुए विद्यार्थियों ने चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि किसी शिक्षक द्वारा अपने प्रभाव और महाविद्यालय के संसाधनों का उपयोग किसी विशेष संगठन के पक्ष में किया जाना चुनाव की निष्पक्षता को प्रभावित कर सकता है।
महाविद्यालय का वातावरण शैक्षणिक, निष्पक्ष और गैर-पक्षपातपूर्ण होना चाहिए, यह भी ज्ञापन में उल्लेखित किया गया है। शिकायतकर्ताओं ने स्पष्ट किया है कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष का विरोध नहीं, बल्कि कालेज की शैक्षणिक गरिमा और विद्यार्थियों के भविष्य की सुरक्षा तय करना है।













