श्रेया न्यूज़ शहडोल नीलू राठौर :- शहडोलः जिले के लालपुर जैसे एक छोटे से गांव में रहने वाली मीना कुशवाहा ने कोरोना से पहले अपना हल्दी मसाले की यूनिट शुरू की थी। आज यह यूनिट बढ़िया तरीके से काम कर रही है और इसके माध्यम से मीना कुशवाहा को लखपति क्लब में शामिल होने का न सिर्फ मौका मिला है, बल्कि उन्होंने अपने इस यूनिट के माध्यम से करीब 10 महिलाओं को रोजगार से जोड़कर उनकी भी आय बढ़ाने का मौका दिया है।
मीना बताती हैं कि जब उन्होंने 26 साल की उम्र में वर्ष 2012 में आजीविका मिशन से जुड़कर अपना स्व सहायता समूह तैयार किया तो उस समय काम की शुरुआत थी। इस काम में उनको पहले काफी परेशानी तो हुई। धीरे-धीरे वर्ष 2014 में लगा कि खुद का काम करना चाहिए और इसके लिए उन्होंने समूह के माध्यम से एक लाख 20 हजार रुपये का लोन लिया। लोन लेकर हल्दी मसाले की यूनिट शुरू की और इसके साथ-साथ बड़ी पापड़ तथा मिलेट्स तैयार करने का काम भी शुरू किया।
मीना ने बताया कि उनके संकुल में 32 गांव आते हैं और इन सभी गांव में उनकी यूनिट से जुड़ी महिलाएं काम करती हैं। इनका कहना है कि प्रतिस्पर्धा वाले इस दौर में बड़ी-बड़ी कंपनियों के बड़ी, पापड़, अचार, हल्दी मसाले बाजार में उपलब्ध हो जाते हैं लेकिन उनकी यूनिट से तैयार किए गए हल्दी, मसाले, बड़ी और पापड़ पूरी तरह से शुद्ध और क्वालिटी में बेहतर होते हैं। बाजार न मिल पाने के कारण थोड़ी दिक्कत होती है लेकिन अपने काम कोवह पूरी लगन और ईमानदारी से कर रही हैं।
मीना का कहना है कि हम लोन लेते गए और लोन को चुकाते गए। आज स्थिति यह है कि हमने अपने इस काम को विस्तार दे दिया है। मीना ने अपने काम को और अच्छा बनाने के लिए स्व सहायता समूह के माध्यम से भोपाल दिल्ली और उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में प्रशिक्षण भी प्राप्त किया। अभी हाल ही में 25 और 26 अक्टूबर को भोपाल में नाबार्ड की तरफ से आयोजित होने वाले मेले में मीना कुशवाहा का स्टाल भी नजर आएगा। राज्यपाल मंगुभाई पटेल को भी उन्होंने सहजन का पावडर भेंट किया था, जो उन्हें काफी पसंद आया और उन्होंने मीना की तारीफ की थी।










